दूर घर नहीं हुआ
दूर घर नहीं हुआ
| Author | रामदरश मिश्र |
| Year of Issue | 2019 |
| Publication Name | ईशा ज्ञानदीप |
| Link | https://www.flipkart.com/door-ghar-nahin-hua-gajal-sangrah/p/itm3cd2649d4888e |
Description
इस संग्रह की शुरू की 43 ग़ज़लें नई हैं, शेष 14 ग़ज़लें पिछले संग्रहों से ली गई हैं। अच्छी ग़ज़लों की भीड़ में इनकी जगह कहाँ है, है कि नहीं, मैं नहीं कह सकता, किन्तु ये मेरी अपनी हैं, इनका अपनापन है, यह बोध तो मुझे सुख देता ही है। अपनी ग़ज़लों के बारे में मैंने कभी कोई दावा नहीं किया, अब भी नहीं कर रहा हूँ। ये मेरा अभिव्यक्ति-सुख हैं यह आश्वस्ति मेरे लिए कम मूल्यवान नहीं। - रामदरश मिश्र